कटनी मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को प्रदेश सरकार की कैबिनेट बैठक में कटनी जिले के विकास को नई रफ्तार देते हुए ‘बरही सूक्ष्म उद्वहन सिंचाई परियोजना’ को औपचारिक स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। इस परियोजना के आने से जिले के कृषि परिदृश्य में बड़ा बदलाव आयेगा।परियोजना के अनुमोदन में विजयराघवगढ़ विधायक संजय सत्येन्द्र पाठक का विशेष प्रयास और सहयोग रहा। साथ ही, कलेक्टर आशीष तिवारी के मार्गदर्शन में जल संसाधन विभाग ने योजना का तकनीकी खाका तैयार किया और इसे स्वीकृत कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इस परियोजना की कुल लागत 566.92 करोड़ रूपये है। परियोजनांतर्गत पूर्व निर्मित बाणसागर परियोजना पर इन्टेक वेल का निर्माण कर पाइप वितरण प्रणाली से सिंचाई के लिये जल का उद्वहन किया जायेगा। जल संसाधन विभाग के कार्यपालन यंत्री व्ही.ए. सिद्दीकी ने बताया कि इस परियोजना में कटनी जिले की बरही एवं विजयराघवगढ़ तहसील के 27 ग्रामों को शामिल किया गया है। इससे कुल 20 हजार हेक्टेयर कृषि भूमि को सिंचाई हेतु पानी मिलेगा और लगभग 11 हजार 500 कृषक परिवारों के जीवन स्तर में सुधार होगा। वर्तमान में जिले का कुल कृषि योग्य क्षेत्र 2 लाख 51 हजार 970 हेक्टेयर है। अब तक निर्मित और निर्माणाधीन परियोजनाओं के माध्यम से 82 हजार 240 हेक्टेयर (लगभग 32 प्रतिशत) क्षेत्र में ही सिंचाई की सुविधा उपलब्ध थी। इस नई परियोजना के क्रियान्वयन से सिंचाई का यह प्रतिशत बढ़ेगा, जिससे जिले की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। वर्तमान में प्रति व्यक्ति आय के मामले में कटनी प्रदेश में 15वें स्थान पर है। इस सिंचाई परियोजना से किसानों की पैदावार बढ़ेगी और उनकी आय में उल्लेखनीय वृद्धि होगी।

